"रथ यात्रा सिर्फ पर्व नहीं, प्रभु की कृपा का अनुभव है": संजीव सैनी ने मोगा में किया कार्ड विमोचन, भावुक हुए लोग

moga 7 july (JASHAN)आज शाम ब्लूमिंग बड्स स्कूल, अमृतसर रोड पर छठी प्रभु जगन्नाथ रथ यात्रा के निमंत्रण कार्ड का भव्य विमोचन किया गया। मुख्य अतिथि प्रमुख समाजसेवी एवं उद्योगपति श्री संजीव सैनी ने श्रद्धा सुमन अर्पित करके कर कार्यक्रम की शुरुआत की और इस मौके पर धर्म, आस्था और सामाजिक सद्भाव पर गहरी बात रखी, जिसने वहाँ उपस्थित हर किसी को भावुक कर दिया।

कार्ड विमोचन के बाद संजीव सैनी ने कहा,

"आज हमने सिर्फ एक कार्ड नहीं, बल्कि प्रभु जगन्नाथ के आमंत्रण को स्वीकार किया है। धर्म और उसके प्रति आस्था व्यक्ति के जीवन में जो परिवर्तन ला सकती है, वह केवल अनुभव से जाना जा सकता है। यह रथ यात्रा सिर्फ कर्मकांड नहीं, बल्कि साक्षी बनकर प्रभु की अपार कृपा को महसूस करने का माध्यम है – और यह अनुभव तभी संभव है, जब आप इस यात्रा का हिस्सा बनें।"

उन्होंने आगे भावुक होते हुए कहा,

"इस रथ यात्रा का सबसे सुंदर पहलू यह है कि यह समाज के हर वर्ग को एक साथ लाती है। मैंने अपनी आँखों से देखा है कि कैसे बुज़ुर्ग दंपत्ति, मासूम बच्चे, और महिलाएँ वर्षों से इस दिन का इंतज़ार करते हैं। जब वे रथ के आगे भाव-विभोर होकर खड़े होते हैं, उनकी आँखों में अश्रु और चेहरे पर अपार शांति होती है – तब सही मायने में इस रथ यात्रा का उद्देश्य समझ आता है। यह केवल एक पर्व नहीं, भक्ति का महासागर है।"

श्री सैनी ने समाज के सभी वर्गों से अपील करते हुए कहा कि वे 17 जुलाई को होने वाली इस भव्य यात्रा को भव्य' से 'भव्यता' की ओर ले जाएँ। उन्होंने कहा कि जब सभी जाति, धर्म, उम्र के लोग एक साथ रथ की रस्सी खींचते हैं, तो वही सच्चा सामाजिक सद्भाव है – और उसी में प्रभु की सच्ची कृपा बसती है।

इस अवसर पर इस्कॉन प्रचार समिति मोगा के पदाधिकारी – प्रधान नवदीप गुप्ता, चेयरमैन देवप्रिय त्यागी, रजनीश कुमार, विक्की मेंहदीरत्ता, अनमोल शर्मा, भावना बंसल, गीता आर्य, परमजीत सिंह पम्मा, आचार्य नंदलाल, शुभम शर्मा, ब्राइट , परवीन राजपूत, रोमी बंसल, सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।

देवप्रिय त्यागी ने कहा कि 17 जुलाई को यह रथ पूरे मोगा शहर में भक्तिमय वातावरण के साथ निकलेगा। सभी नगरवासियों से निवेदन है कि वे इस पावन अवसर पर अपने परिवार के साथ जुड़ें, प्रभु जगन्नाथ के दर्शन करें, और इस आस्था के महाकुंभ को अपनी उपस्थिति से धन्य करें।